शेखर एक जीवनी से कुछ उद्धरण :: चयन और प्रस्तुति : सुधाकर रवि ‘शेखर एक जीवनी’ को पढ़ने से पहले अज्ञेय की कविताएं और उनके यात्रा संस्मरण से गुजर चुका हूँ। शेखर एक जीवनी बहुत पहले पढ़ लेनी चाहिए थी।…
NEW TRAILS :: CELEBRATING DR. SHANKER A DUTT : ANCHIT We were in the library. Dr. Dutt sat on the other side of the table, his hair slightly greying, wearing a plain half-sleeve shirt, smelling of cigarettes and coffee. It…
नए रास्ते :: साहित्य और कोरोनाकाल : अंचित कोरोना और साहित्य के सम्बन्ध में कुछ सीधा कहने और बोलने से बचता रहा था अभी तक. इधर सत्यम ने अपने चैनल के लिए कुछ बोलने की बात की तो मुझको लगा…
कविता :: बहुत शर्म आती है : मुक्तिबोध स्वर : आसिया नक़वी बहुत शर्म आती है मैंने खून बहाया नहीं तुम्हारे साथ बहुत तड़पकर उठे वज्र से गलियों के जब खेत खलिहानों के हाथ बहुत खून था छोटी छोटी पंखुरियों…
कविताएँ : निज़ार क़ब्बानी अनुवाद और प्रस्तुति : विष्णु पाठक निज़ार क़ब्बानी का जन्म सीरिया की राजधानी डमस्कस में मिश्रित तुर्की और अरब मूल के एक मध्यम वर्ग के व्यापारी परिवार में हुआ था। जब क़ब्बानी 15 वर्ष के थे,…
